विशेष विषय – UPSC भूगोल सिंॉप्सिस
UPSC Geography Revision | Page 5
उद्योग, ऊर्जा संसाधन, व्यापार एवं पर्यावरण
उद्योग, ऊर्जा संसाधन, व्यापार और पर्यावरण आर्थिक भूगोल के महत्वपूर्ण विषय हैं। ये विषय भारत के विकास, औद्योगिकीकरण और सतत विकास से जुड़े हुए हैं।
उद्योग (Industries)
उद्योग वे आर्थिक गतिविधियाँ हैं जिनमें कच्चे माल को उपयोगी वस्तुओं में परिवर्तित किया जाता है।
उद्योगों के प्रकार
- कृषि आधारित उद्योग
- खनिज आधारित उद्योग
- लघु उद्योग
- भारी उद्योग
भारत के प्रमुख उद्योग
- लौह एवं इस्पात उद्योग
- सूती वस्त्र उद्योग
- आईटी उद्योग
- चीनी उद्योग
- ऑटोमोबाइल उद्योग
लौह एवं इस्पात उद्योग
इसे आधारभूत उद्योग कहा जाता है क्योंकि अन्य उद्योग इसके ऊपर निर्भर करते हैं।
मुख्य केंद्र
- भिलाई
- राउरकेला
- जमशेदपुर
- दुर्गापुर
सूती वस्त्र उद्योग
यह भारत का प्रमुख कृषि आधारित उद्योग है।
मुख्य केंद्र
- मुंबई
- अहमदाबाद
- सूरत
ऊर्जा संसाधन (Energy Resources)
ऊर्जा संसाधन आर्थिक विकास और औद्योगिकीकरण के लिए आवश्यक हैं।
ऊर्जा संसाधनों के प्रकार
- पारंपरिक ऊर्जा संसाधन
- अपरंपरागत ऊर्जा संसाधन
पारंपरिक ऊर्जा संसाधन
- कोयला
- पेट्रोलियम
- प्राकृतिक गैस
अपरंपरागत ऊर्जा संसाधन
- सौर ऊर्जा
- पवन ऊर्जा
- बायोगैस
- जलविद्युत
सौर ऊर्जा
सौर ऊर्जा स्वच्छ और नवीकरणीय ऊर्जा का प्रमुख स्रोत है।
पवन ऊर्जा
पवन की गति से विद्युत उत्पादन किया जाता है।
व्यापार (Trade)
वस्तुओं और सेवाओं के आदान-प्रदान को व्यापार कहा जाता है।
व्यापार के प्रकार
- आंतरिक व्यापार
- अंतरराष्ट्रीय व्यापार
भारत का अंतरराष्ट्रीय व्यापार
भारत विश्व के कई देशों के साथ आयात और निर्यात करता है।
मुख्य निर्यात वस्तुएँ
- कपड़ा
- दवाइयाँ
- आईटी सेवाएँ
- चाय और मसाले
मुख्य आयात वस्तुएँ
- कच्चा तेल
- मशीनरी
- सोना
पर्यावरण (Environment)
पर्यावरण मानव और जीवों के चारों ओर मौजूद प्राकृतिक एवं मानव निर्मित तत्वों का समूह है।
पर्यावरण प्रदूषण
हानिकारक पदार्थों द्वारा पर्यावरण को दूषित करना प्रदूषण कहलाता है।
प्रदूषण के प्रकार
- वायु प्रदूषण
- जल प्रदूषण
- मृदा प्रदूषण
- ध्वनि प्रदूषण
वायु प्रदूषण
वाहनों, कारखानों और जीवाश्म ईंधन के उपयोग से वायु प्रदूषण बढ़ता है।
पर्यावरण संरक्षण
- वृक्षारोपण
- नवीकरणीय ऊर्जा का उपयोग
- कचरा प्रबंधन
- जल संरक्षण
सतत विकास (Sustainable Development)
ऐसा विकास जो वर्तमान आवश्यकताओं को पूरा करे और भविष्य की पीढ़ियों को नुकसान न पहुँचाए, सतत विकास कहलाता है।
महत्वपूर्ण UPSC तथ्य
- लौह एवं इस्पात उद्योग आधारभूत उद्योग है
- सौर ऊर्जा नवीकरणीय ऊर्जा का स्रोत है
- मुंबई सूती वस्त्र उद्योग का प्रमुख केंद्र है
- वायु प्रदूषण पर्यावरण के लिए हानिकारक है
- सतत विकास पर्यावरण संरक्षण पर आधारित है
त्वरित पुनरावृत्ति बॉक्स
- Industries → उद्योग
- Energy Resources → ऊर्जा संसाधन
- Solar Energy → सौर ऊर्जा
- Trade → व्यापार
- Pollution → प्रदूषण
- Sustainable Development → सतत विकास
Mind Map – आर्थिक भूगोल एवं पर्यावरण
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आर्थिक भूगोल
- उद्योग
- ऊर्जा संसाधन
- व्यापार
- पर्यावरण
- प्रदूषण
- सतत विकास
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UPSC Geography Synopsis – Hindi Version
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